Wednesday, July 22

गहरे समुद्र में मिले रहस्यमयी जीव एलिसिला जिगेंटिया, वैज्ञानिकों को खुला नया रहस्य

 

वॉशिंगटन: समुद्र की गहराइयों में लंबे समय से एक रहस्यमयी जीव को अत्यंत दुर्लभ माना जाता रहा था। वैज्ञानिकों की हालिया रिसर्च से पता चला है कि यह जीव एलिसिला जिगेंटिया (Alicella gigantea) समुद्र तल पर व्यापक रूप से फैला हुआ है और अब इसे दुर्लभ नहीं माना जाता। यह खोज गहरे समुद्र के जीवन को समझने के दृष्टिकोण को पूरी तरह बदल सकती है।

 

विशेषताएं और रहस्य:

 

एलिसिला जिगेंटिया को आम भाषा में ‘एम्फीपोड’ कहा जाता है और यह झींगे जैसा दिखता है।

यह लगभग 13.4 इंच लंबा हो सकता है और 17,400 फीट से लेकर 29,300 फीट तक गहराई में पाया जाता है।

अत्यंत ठंडे तापमान, उच्च दबाव और मुश्किल परिस्थितियों में जीवित रहने में सक्षम।

 

अनुसंधान और निष्कर्ष:

रॉयल सोसायटी ओपन साइंस और इंडियन डिफेंस रिव्यू में प्रकाशित शोध के अनुसार, एलिसिला जिगेंटिया केवल दुर्लभ नहीं बल्कि महासागरों में व्यापक रूप से फैला हुआ है। यूनिवर्सिटी ऑफ वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया के डॉक्टर पेज मारोनी के अनुसार, अलग-अलग हिस्सों से लिए गए नमूनों के आनुवंशिक अध्ययन से पता चला कि यह जीव विशाल और दूर-दराज़ क्षेत्रों में भी लगभग समान आनुवंशिक संरचना के साथ पाया जाता है। यह लचीलेपन और अनुकूलन क्षमता का उदाहरण है।

 

कैसे करता है जीवित रहना:

गहरे समुद्र में भोजन की कमी, अत्यधिक ठंड और भारी दबाव इस जीव के लिए चुनौतीपूर्ण हैं। फिर भी एलिसिला जिगेंटिया स्कैवेंजर के रूप में समुद्र तल पर गिरने वाले कार्बनिक पदार्थों और कैरियन पर जीवन यापन करता है। इसके पेट के अध्ययन से पता चला कि यह कम पोषक तत्व वाले वातावरण में भी जीवित रह सकता है।

 

वैज्ञानिक महत्व:

इस खोज से समुद्र के गहरे क्षेत्रों में जीवन के लचीलेपन और अत्यंत कठिन परिस्थितियों में जीवित रहने की रणनीतियों को समझने में मदद मिलेगी। एलिसिला जिगेंटिया जैसी प्रजातियां भविष्य में गहरे समुद्री जीवविज्ञान और जीवन विज्ञान के अध्ययन के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती हैं।

 

 

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