Tuesday, July 21

मेरठ में दर्दनाक हादसा: स्कूल आई-कार्ड ने ले ली 13 साल के मासूम की जान, BSF जवान का इकलौता बेटा था लक्ष्य

मेरठ, 2 दिसंबर। कंकरखेड़ा स्थित सैनिक विहार कॉलोनी में सोमवार देर शाम एक दर्दनाक हादसे ने पूरे क्षेत्र को स्तब्ध कर दिया। महज 13 साल के लक्ष्य, जो कि त्रिपुरा में तैनात BSF जवान दीपक बालियान का इकलौता बेटा था, की मौत इतनी चौंकाने वाली वजह से हुई कि सुनकर हर कोई हैरान रह गया — स्कूल का आई-कार्ड ही उसके लिए मौत का फंदा बन गया।

बाथरूम में हुआ खौफनाक हादसा

जानकारी के अनुसार, स्कूल से लौटने के बाद लक्ष्य ट्यूशन गया था। जल्दबाज़ी में वह स्कूल का आई-कार्ड उतारना भूल गया। ट्यूशन से लौटकर जब वह बाथरूम में कपड़े बदलने गया तो फर्श पर पानी होने के कारण उसका पैर फिसल गया।
गिरते समय उसके गले में लटका आई-कार्ड का रिबन नल की टोंटी में उलझ गया, जिससे रिबन कस गया और कुछ ही क्षणों में उसकी सांसें रुक गईं।

परिजन उसे तुरंत सरधना रोड स्थित लक्ष्य हेल्थ केयर सेंटर ले गए, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके।

होनहार बेटे की मौत से परिवार बेहाल

लक्ष्य आर्मी पब्लिक स्कूल में कक्षा आठ का छात्र था और परिवार के अनुसार बेहद होनहार, शांत और जिम्मेदार बच्चा था। घटना की खबर मिलते ही मां गुड़िया और उसकी दोनों बहनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
त्रिपुरा में ड्यूटी पर तैनात पिता दीपक बालियान यह खबर सुनकर सदमे में आ गए।

आई-कार्ड का रिबन बना जानलेवा

कंकरखेड़ा इंस्पेक्टर विनय कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ है कि मौत बाथरूम में फिसलने और आई-कार्ड के रिबन के गले में फंसने से हुई है।
शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।

पहले पिता पोस्टमार्टम नहीं चाहते थे, लेकिन SP सिटी आयुष विक्रम सिंह ने परिवार से बातचीत कर उनकी सहमति ली। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत का कारण पूरी तरह स्पष्ट हो जाएगा।

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