Tuesday, July 21

फर्जी लोन लेकर ‘करोड़पति’ बना पुष्पेंद्र सिंह, ईडी ने 45 करोड़ की संपत्तियां बैंक को सौंपीं

 

जबलपुर, मध्य प्रदेश – फर्जी लोन लेकर बैंक से धोखाधड़ी करने वाले जबलपुर के कारोबारी पुष्पेंद्र सिंह को अदालत से बड़ा झटका लगा है। विशेष न्यायालय के आदेश पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 45 करोड़ रुपये की तीन चल-अचल संपत्तियों को केनरा बैंक के हवाले कर दिया है।

 

जानकारी के अनुसार, पुष्पेंद्र सिंह, जो जगदंबा एएमडब्ल्यू ऑटोमोटिव्स प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक हैं, और उनके सहयोगियों ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए वाहन लोन लिया। इन वाहनों की डिलीवरी कभी नहीं हुई, लेकिन लोन की रकम लगभग 18 करोड़ 32 लाख रुपये आरोपियों ने अपने निजी लाभ और पुराने कर्ज चुकाने के लिए इस्तेमाल की।

 

ईडी ने इस मामले में पीएमएलए 2002 (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) के तहत आरोपियों की चल-अचल संपत्तियों को अस्थायी तौर पर कुर्क किया था। मार्च 2024 में केनरा बैंक ने इन संपत्तियों को वापस पाने के लिए विशेष न्यायालय में आवेदन दायर किया।

 

29 जनवरी 2025 को विशेष न्यायालय ने आदेश दिया कि ईडी द्वारा कुर्क की गई संपत्तियां बैंक को सुपुर्द की जाएं। इसके बाद ईडी ने तीनों संपत्तियों को बैंक के हवाले कर दिया, जिससे बैंक अपनी जब्त की गई संपत्ति वापस पा सका।

 

ईडी ने इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं के तहत भी जांच की थी।

 

 

This slideshow requires JavaScript.

Leave a Reply

This slideshow requires JavaScript.