बंगाल चुनाव में बीजेपी की सामाजिक रणनीति, बिहार के नेताओं को मिली प्रचार की जिम्मेदारी
पटना: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने सामाजिक समीकरणों पर आधारित रणनीति तेज कर दी है। पार्टी ने बिहार के विभिन्न जाति समूहों में प्रभाव रखने वाले वरिष्ठ नेताओं को चुनाव प्रचार में उतारने की योजना बनाई है, ताकि प्रवासी बिहारी मतदाताओं और सामाजिक आधार को अपने पक्ष में संगठित किया जा सके।
भाजपा रणनीतिकारों का मानना है कि पश्चिम बंगाल के कई इलाकों, खासकर उत्तरी बंगाल में बड़ी संख्या में बिहार और उत्तर प्रदेश से गए प्रवासी मतदाता रहते हैं, जिनकी सामाजिक पहचान चुनावी रुझानों को प्रभावित कर सकती है। इसी को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग समुदायों में प्रभाव रखने वाले नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
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